मोहब्बत का नाम आज भी मोहब्बत है... ये ना कभी बदली है और ना कभी बदलेगी

फेल होना और पढ़ाई ना करना... हमारे खानदान की परंपरा है

तुम्हारी हरकतें, कुत्ते की दुम और कैटरीना की हिंदी... ऐसी है जो कभी सीधी हो ही नहीं सकती

दिमाग में किताब भरने से जैबें थोड़ी भरती हैं

सच्चा प्यार कभी खाली हाथ वापस नहीं आता ह

राजनीति का बस एक ही अंत है ... विनाश ... मौत

श्तों में एक बार दारार पढ़ जाए ... तो जिंदगीयां लग जाए उन्हें भरने में

शहीदों के लिए आंसू नहीं बहाया करते...उनका अपमान होता है

किसी इंसान का गुस्सा उसकी उम्र से बड़ा नहीं होत

माफ़ी से प्यार बढ़ता है